श्रीशः उपदंडक
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@1008
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RE: वर्ष २०१४, मन्दालवेणि! प्रतीक्षा? प्रेम?

"उस सन्ध्या बाबा मेघ ने अलख उठा दी! भगदड़ मचा दी सभी अशरीरियों में! उनके जाप-मन्त्र वज्र समान थे! उनके शिष्य सभी, तोरण-मन्त्र पढ़े जा रहे थे! अलख से उठत...

2 years ago
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RE: Alive Death-Notes of a Dead Patient! Reason of Death -: Bi-Polar Aggression...2015

तो हमारा खाना शुरू हो गया था! खाने का स्वाद बेहद ही लज़ीज़ था! कम से कम मैंने ऐसा खाना नहीं खाया था कभी! मछली का स्वाद बड़ा ही तीखा सा और हल्की सी खटास भ...

2 years ago
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RE: वर्ष २०१४, मन्दालवेणि! प्रतीक्षा? प्रेम?

बाबा को उनका प्याला पकड़ा दिया गया था! बाबा ने प्याला पकड़ा और नीचे रख लिया, चने के थाल से चने उठाने से पहले, प्याज और हरी मिर्च इकठ्ठा कीं, बनाया एक गस...

2 years ago
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RE: Alive Death-Notes of a Dead Patient! Reason of Death -: Bi-Polar Aggression...2015

"कहां से?" पूछा उसने,मेरे मुंह से उस वक़्त कुछ ऐसा नाम निकला जिसे मैं भी खुद न जानता था, सुना भी न था! मुझे उस समय लगा था कि ये वक़्त, ये घड़ियां मुझे, आ...

2 years ago
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RE: Alive Death-Notes of a Dead Patient! Reason of Death -: Bi-Polar Aggression...2015

एक समझ! हां एक समझ! गहरी समझ! कोई कितना भी कन्धा ढूंढे, कितना ही अपना बनाये, आप हमेशा अकेले ही हो! अकेले! कोई नहीं है साथ, कोई नहीं आता काम, कोई भी नह...

2 years ago
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RE: Alive Death-Notes of a Dead Patient! Reason of Death -: Bi-Polar Aggression...2015

तो जीत, अब बाहर चला गया है! और मैं, अकेला ही, उस महक को सूंघ पा रहा हूं! ये मेरे लिए ऐसी महक है कि जैसे, कोई बेहोश हो और उसे कोई संजीवनी का जल दे दे! ...

2 years ago
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RE: Alive Death-Notes of a Dead Patient! Reason of Death -: Bi-Polar Aggression...2015

मैंने एक बार फिर से नोट बन्द किया! अर्णव क्या बयान करना चाहता था? किस विषय में और उसका इशारा किस तरफ था? अभी तक उसने जो लिखा, उसमे उम्मीद, आशा और ज़िन्...

2 years ago
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RE: Alive Death-Notes of a Dead Patient! Reason of Death -: Bi-Polar Aggression...2015

इतना पढ़, मैंने वो नोट बन्द किया! ये नोट किसी टूटे हुए, हारे हुए इंसान का नहीं था, जीवन के प्रति रूचि वही रख सकता है जो इसको जीना चाहे, भरपूर! पहले पृष...

2 years ago
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RE: Alive Death-Notes of a Dead Patient! Reason of Death -: Bi-Polar Aggression...2015

दो दिन बीत गए, मेरे मन में यही सब चलता रहा! ऐसा सम्भव है कि व्यक्ति को जीते जी, किसी पूर्व-जन्म की कुछ घटनाएं याद आएं, या वो उसको छूकर जाएं! सम्मोहन क...

2 years ago
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RE: Alive Death-Notes of a Dead Patient! Reason of Death -: Bi-Polar Aggression...2015

"जी?" कहा उन्होंने,"ये तस्वीर कब की है?" पूछा मैंने,"पीछे लिखा होगा?" बोले वो,मैंने तब ही पीछे देखा उस तस्वीर के, उस पर उन्नीस जुलाई सन उन्नीस सौ सत्त...

2 years ago
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RE: वर्ष २०१४, मन्दालवेणि! प्रतीक्षा? प्रेम?

"हमने देखा है, इस तरफ बारिश पड़ती भी कुछ ज़्यादा ही है!" बोले प्रसाद बाबा,"बड़े बाबा?" पूछा मैंने,"हाँ?" बोले वो,"रूप-कुंड के लिए जाना हो अगर, तो काठगोदा...

2 years ago
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RE: वर्ष २०१४, मन्दालवेणि! प्रतीक्षा? प्रेम?

"हाँ, ठीक कहा!" बोले वो,"अब एक प्रश्न!" बोला मैं,"पूछिये!" कहा उन्होंने,तभी मेरी नज़र पड़ी मेरी कलाई-घड़ी पर, ग्यारह बजने को थे! समय कैसे निकले जा रहा था...

2 years ago
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RE: वर्ष २०१४, मन्दालवेणि! प्रतीक्षा? प्रेम?

"अब इस समय पर क्या ज़ोर!" बोले प्रसाद बाबा!"हाँ जी, सही कहा!" बोले शहरयार!"बाबा?" पूछा मैंने,"जी?" बोले वो,"देखा जाए तो भाद्रपद द्वादशी आने में कुछ ही ...

2 years ago
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RE: वर्ष २०१४, मन्दालवेणि! प्रतीक्षा? प्रेम?

लघु-शंका का ज़ोर था, बहुत घुटने बदल लिए थे! उठा तो शहरयार जी को देखा!"चल रहे हो?" पूछा मैंने,"कहाँ?" पूछा उन्होंने!"खलता खलाने!" कहा मैंने हंस कर!"मैं ...

2 years ago
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