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अब तो बड़े बड़े वाहन भी थे सड़क पर!और यहां के गति-अवरोधक!पहाड़ जैसे हैं!छोटी गाड़ियां तो,टेढ़ा करके निकालनी पड़ती हैं!खैर,हम चलते रहे,और फिर एक संकरा सा रास्...
और निकल पड़े वहाँ से,पहले उनके घर जाना था,घर उनका दिल्ली के आखिरी कोने पर है,और दिल्ली में यातायात ऐसा है कि,आप पैदल चल लो,तो जल्दी पहुँच जाओगे!क़दम क़दम...
बता दिया उसे सबकुछ!अब चैन पड़ा उस नन्ही जान को!रात को,खाना-पीना हुआ और सो गए,शर्मा जी वहीँ रहे थे,सुबह हुई,और फिर मैं और शर्मा जी,चले अपने निवास की ओर,...
मेरे और शर्मा जी के कंधे पर हाथ रखते हुए!हम चल दिए,उनके कमरे में पहुंचे,उन्होंने बिठाया,हम बैठे,"कहाँ गए थे, काशी?" उन्होंने पूछा,"हाँ, वहीँ" मैंने कह...
जिनके पास, खारिश से ले कर एड्स तक का गारंटीशुदा इलाज है!"नमस्कार साहू जी!" मैंने कहा,उन्होंने मुझे देखा,"नमस्कार!" वे बोले,"इसका ये हाल आज हमने ही किय...
"साले का हगना, मूतना सब बंद होना चाहिए!" वे बोले,"हो ही गया है!" मैंने कहा,तभी रिप्ता आई,उसने खाने के बारे में पूछा,भूख तो लगी थी,मंगवा लिया,उसने खाना...
संग, रिप्ता को भी ले आये,"अब ठीक है? सिखा दिया न पाठ?" मैंने पूछा,वो मुस्कुरा गयी!"चल अब पानी पिला दे" मैंने कहा,वो बाहर गयी,और मैं और शर्मा जी भी बाह...
"साले बच्ची को हाथ लगाया तूने?" बोले शर्मा जी,और जूतम-पट्टी शुरू!मैं भी हो गया शुरू!साले को उठा उठा के भांजा!मर गया! मर गया!माफ़ कर दो!अब नहीं करूँगा!य...
"बैठने को, मुझे थप्पड़ मारा उसने" वो बोली,रो पड़ी बेचारी!"चुप हो जा! आ मेरे साथ" मैंने कहा,उसको उठाया मैंने,और ले गया साहू के स्थान पर,साहू के कमरे में ...
हो गया निर्धारित!अब हम वापिस हुए,उसने धन्यवाद कहा,और चली गयीं!"वहाँ ऐसा क्या हो सकता है?" पूछा शर्मा जी ने,"देख के ही पता चलेगा" मैंने कहा,"ठीक है" वे...
वे चल-फिर नहीं सकते थे,शायद हर्निया हो,लेकिन हुआ ज़मीन खरीदने के बाद से,और वहाँ काम शुरू करने के दिन से!मैंने पूरी बात सुनी,लेकिन अभी तक मुझे कोई शक नह...
और फ़ोन काट दिया,और फिर अगले दिन हम वहाँ से निकल पड़े,पहुँच गए दिल्ली,जिस दिन पहुंचे,फिर से उन महिला का फ़ोन आ गया,उन्होंने पूछा कि हम आये हैं या नहीं!मै...
और आराम किया हमने वहाँ!उस रात नहीं पी दारु,कल की महक दारु की,अभी तक नहीं गयी थी!रात को भोजन किया और,सो गए!सुबह वही दैनिक-कर्म आदि!कोई नौ बजे होंगे,मेर...
जैसे कामरूप,मणिपुर,उड़ीसा आदि आदि से,उन सभी से मिलना बहुत अच्छा रहा था!रात हुई तो अब दावत आरम्भ हुई,बढ़िया प्रबंध था भोजन का!मदिरा का और अन्य सभी!छक के ...
