श्रीशः उपदंडक
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@1008
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RE: वर्ष २०११ ललितपुर उत्तर प्रदेश की एक घटना

उन्होंने अनेक प्रकार से मुझे जांचा! मैंने उनके घात एक के बाद एक निष्फल कर दिए! अब वे तीनों नीचे अपने आसन पर बैठ गयीं! तीनों ने अपने हाथ एक साथ मिलाय...

2 years ago
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RE: वर्ष २०११ ललितपुर उत्तर प्रदेश की एक घटना

उसने अपलक मुझे देखा और एक पद्म-नाग मुझ पर फेंक दिया! वो हमारी तरफ आया तो मैंने भंजन-मंत्र से उसको वापिस उछाल दिया! अब उसने अपने केश खोले और कुछ केश ...

2 years ago
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RE: वर्ष २०११ ललितपुर उत्तर प्रदेश की एक घटना

सृजन गन्धर्वों और अप्सराओं के मिलन से होता है! समस्त अप्सराओं के ये पति होते हैं, श्रृगार, संगीत आदि कलाओं के ये प्रघाड़ जानकार होते हैं! इसनकी कन्याएं...

2 years ago
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RE: वर्ष २०११ ललितपुर उत्तर प्रदेश की एक घटना

"हाँ गुरु जी, बचाओ इस झमेले से हमको" उसने हाथ जोड़ कर कहा, उसके बाद हम उठे और मै शर्मा जी के साथ राजेश के दिए गए कमरे में आ गए, शर्मा जी ने कहा," गुर...

2 years ago
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RE: वर्ष २०११ ललितपुर उत्तर प्रदेश की एक घटना

मैंने शर्मा जी को कहा कि वो उसको कह दें कि हम परसों वहाँ आ जायेंगे, शर्मा जी ने ऐसा ही कहा राजेश को! और हम नियत तिथि पर वहाँ पहुँच गए, वहाँ राजेश के...

2 years ago
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RE: वर्ष २०११ ललितपुर उत्तर प्रदेश की एक घटना

मै उसको ये स्पष्ट करना चाहता था कि हम उसके भले में हैं, बुरे में नहीं! मैंने अपनी जेब से ७ कौडियाँ निकाली और उनको स्वास्तिक के आकार में रख दिया! उसने ...

2 years ago
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RE: वर्ष २०११ ललितपुर उत्तर प्रदेश की एक घटना

उसके बाद हम वहाँ से उठे, निकले और राजेश के घर आ गए...........वापिस....... रात्रि-समय भोजन पश्चात् मै और शर्मा जी इस विषय पर विचार कर रहे थे, एक तरह से...

2 years ago
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RE: वर्ष २०११ ललितपुर उत्तर प्रदेश की एक घटना

ये तो गान्धर्व-पुरी थी! शापित गन्धर्वों की पनाहगाह! वहाँ के प्रत्येक वृक्ष पर मोटे-मोटे सर्प लिपटे हुए थे! गन्धर्व और गंधर्व-कन्यायों का मिलन-स्थल! ...

2 years ago
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RE: वर्ष २०११ ललितपुर उत्तर प्रदेश की एक घटना

"नहीं गुरु जी, साधारण तो कतई भी नहीं" उन्होंने कहा, "तो फिर कौन सा जिंदा रह सकता है?" मैंने पूछा, "अगर वो मायावी है या दैवीय है तो जिंदा रह सकता ह...

2 years ago
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RE: वर्ष २०१० हस्तिनापुर की एक घटना

कोई तीन महीने बाद, तारा को दौरा पड़ा और उसी दौरे में उसके प्राण-पखेरू उड़ गए! मुझे बहुत दुःख हुआ! बहुत दुःख! मैं उस तारा को आजतक नहीं भूल पाया हूँ! आजतक...

2 years ago
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RE: वर्ष २०१० हस्तिनापुर की एक घटना

सुबह सात बजे, मुझे शर्मा जी ने जगाया, मैं जाग, घड़ी देखी, सात बजे थे, हम अपने स्थान पहुँच चुके थे, शर्मा जी ने मेरा सामान उठाया और हम अपने स्थान में प्...

2 years ago
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RE: वर्ष २०१० हस्तिनापुर की एक घटना

मैंने अपना चिमटा उठाया, अपना वो कपाल उठाया और फिर अपना त्रिशूल सम्भाला, और फिर उन दोनों को देखा! "जाओ! चढ़ो बलि!" मैंने कहा, और मैं वहाँ से वापिस...

2 years ago
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RE: वर्ष २०१० हस्तिनापुर की एक घटना

"भूरा? सोच ले?" मैंने कहा, उसने अनसुना कर दिया! अब उस साधिका ने मुझे अपशब्द कहे! कटु-शब्द! अत्यंत कटु-शब्द! मेरे बर्दाश्त से बाहर हाउ ये सब और म...

2 years ago
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RE: वर्ष २०१० हस्तिनापुर की एक घटना

"सुन साधक! मैंने समझाया, यहाँ कुछ नहीं तुम्हारे लायक, अब जाओ!" वो बोला, बात तो सही थी! मैंने इंकार नहीं किया, बस गर्दन नीचे झुकला ली अपनी! कुछ प...

2 years ago
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