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मुझे भी हंसी आई! लेकिन मैंने कहा, “सुनो शर्मा जी, जो धागा मैंने बाँधा है, वो ग्यारह दिन प्रभावी रहेगा, इसीलिए हमे तो सबसे पहले उस उस असमी बाबा को ढूंढ...
अपना भी भला-बुरा नहीं समझ पाता यही हुआ उस रतन के साथ! रतन ये जानता था कि रोहताश का पूरा कुनबा घर में एक मात्र लड़की शिल्पा को बहुत प्यार करता है, सभी उ...
फिर रात आई, अब मै क्रिया में बैठने की तैयारी करने लगा, मैंने सारे सामान का बंदोबस्त कर लिया था, अतः मै रात्रि बारह बजे क्रिया में बैठ गया, मैंने अपना ...
आभार स्पष्ट करते करते उनका गला सूखे जा रहा था! मैंने उनको बताया कि मै कल आऊंगा उनके पास दोपहर से पहले, अभी मेरा काम शेष है! मैंने तब पास बैठे शर्मा ...
मेरी बात सुन उनको हैरानी सी हुई और फिर सीत्कार फूट पड़ी उनकी, मैंने एक मंत्र पढ़ा और उसको शिल्पा के माथे पर अभिमंत्रित कर दिया, और फिर मैंने उस से पूछा,...
मै अगले दिन अस्पताल पहुंचा जहां वो दाखिल थी, वहाँ उसके परिजन चिंतित खड़े थे, मै वहाँ आया तो उन्होंने मुझे किसी भी गंभीरता से नहीं लिया, उसका कारण था, म...
ओझे, गुनिये, तांत्रिक और मान्त्रिक बुलाये गए थे, लेकिन सभी उस विवश परिवार से पैसा लूट कर अपनी राह चलते बने! लाभ किसी से भी न हुआ! इसी सिलसिले में शि...
“अब सुनो जो मै तुमको बता रहा हूँ!” मैंने कहा, और मित्रगण! फिर मैंने सारी घटना उनके सामने व्यक्त कर दी! उसनके तो जैसे होश फाकता हो गए! हाँ मैंने एक र...
मैंने इतना कहा कि दोनों ही लोप हो गए! इसका कारण मै जानता था! प्रेतात्मा कारण नहीं ढूंढ पातीं! यदि कारण ढूंढ लें तो कभी नहीं भटकेंगी! अब मैंने निश्चय...
अब फिर से उन दोनों ने एक दूसरे को देखा! “जब तक मुझे तुम बताओगे नहीं, कि जसराज कहाँ है, मै कैसे ढूंढूंगा अनिया को?” मैंने कहा, “जसराज आने वाले हैं”...
फिर चौथी रात के इंतज़ार की घड़ियाँ कम होने लगीं! वो दिन आ गया था, अब मैंने सारी तैयारियां आरम्भ कर दीं! सारी आवश्यक सामग्रियां इकट्ठी कर लीं और इस प्रका...
उन्होंने निशान का पीछा किया और फिर अनिया पकड़ी गयी! अपने जीवन के लिए गुहार लगाती अनिया को सैनिकों ने उसी जगह काट गिराया! और ऊपर से पत्थर भर दिए! जसरा...
वहाँ से निकले थे वो कुल लोग थे वे सोलह! धन्नी और उसका अंगरक्षक श्योपाल वहाँ से निकले और फिर उनके पीछे पीछे चार सैनिक! वो आगे आगे थे और उनके पीछे पीछे ...
दिखा, मै उसकी छत पर भी गया, वहाँ भी कुछ न दिखा, कोई अजीब सी वस्तु भी न दिखी मुझे! मैंने कलुष-मंत्र का भी प्रयोग किया, लेकिन तब भी कुछ न दिखाई दिया? तो...
