श्रीशः उपदंडक
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@1008
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RE: वर्ष २०१३ पूर्वांचल के एक स्थान की घटना!

"सतर्क! बालू नाथ! सतर्क!" कहा मैंने, चीख कर!तभी, देख पकड़ी मैंने, ये बालू नाथ की देख थी! वो, अलख पर, आराम से बैठा था, कोई चिंता नहीं, कोई फ़िक़्र नहीं, क...

2 years ago
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RE: वर्ष २०१३ त्रैरात्रिक-वधु!!

"साधिके?" कहा मैंने,"जी नाथ?" बोली वो,"नौ सवार!" कहा मैंने,"ॐ हक्काल!" बोली वो,"साधिके?" कहा मैंने,"तीन, भालेश!" बोला मैं,"ॐ भालेशा!" बोली वो,"तीन जगण...

2 years ago
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RE: वर्ष २०१३ पूर्वांचल के एक स्थान की घटना!

मैंने वहीँ बैठ, शैलाभि का जाप आरम्भ किया, मिट्टी की चुटकियाँ उठाता जाता और उसकी देह पर फेंके जाता! मित्रगण, अब बात शैलाभि की आई यही तो आपको एक प्रयोग ...

2 years ago
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RE: वर्ष २०१३ त्रैरात्रिक-वधु!!

"आओ साधिके!" कहा मैंने,"जी, आज्ञा नाथ!" बोली वो,"बैठो!" कहा मैंने,"जी!" बोली वो,और बैठ गयी समीप!"साधिके?" कहा मैंने,"नाथ?" बोली वो,"आज यात्रा होगी!" क...

2 years ago
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RE: वर्ष २०१३ पूर्वांचल के एक स्थान की घटना!

"नहीं समझा मैं तेरा आशय बालू नाथ!" कहा मैंने,''समझाता हूँ, बालक! समझ ले!" बोला वो,"तूने आह्वान किया लोहितांग का! है या नहीं?'' बोला वो,"हाँ, किया!" कह...

2 years ago
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RE: वर्ष २०१३ त्रैरात्रिक-वधु!!

शाम का वक़्त था, शाम, बीत चुकी थी मेरा मतलब, आठ बजने को थे, कि मेरा फ़ोन बजा, नम्बर नया था, फिर मैंने उठाया फ़ोन, दो तीन बार बार हैलो कहा तो आवाज़ आयी!"मै...

2 years ago
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RE: वर्ष २०१३ पूर्वांचल के एक स्थान की घटना!

अगले ही पल, ठीक सामने ही, श्मशान की भूमि पर, कुछ हलचल सी दिखाई दी! ये कोई जानवर तो नहीं था, ये तो तय था! जानवर के आने का तो कोई सवाल था ही नहीं! और एक...

2 years ago
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RE: वर्ष २०१३ त्रैरात्रिक-वधु!!

शहरयार जी से और भी बातें हुईं, ले दे के बाद फिर से उस पूर्व-जन्म की घटना, मधु की बात तक आ गयी! कैसे न कैसे वो जानना ही चाहते थे उस लड़की के विषय में! म...

2 years ago
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RE: वर्ष २०१३ पूर्वांचल के एक स्थान की घटना!

साधिका पर अब मदिरा का असर हो चला था, उसने जैसे अपनी सुध-बुध खो दी थी! अब उसे मेरे आदेशों का अनुपालन करना था, मैं उसमे अरूमा को स्थान देता और ये अरूमा ...

2 years ago
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RE: वर्ष २०१३ त्रैरात्रिक-वधु!!

कोमल चली गयी! जिस तरह से आयी थी, ठीक उसी तरह से जाना भी हुआ उसका! मैं मुस्कुराता हुआ, वापिस कमरे में लौट आया! तभी एक सहायक आया, उसने खाने की पूछी तो ह...

2 years ago
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RE: वर्ष २०१३ पूर्वांचल के एक स्थान की घटना!

आनन-फानन में रजत-दीपक प्रज्ज्वलित करवाया गया, आस्था ऐसे कार्यों में निपुण थी, देर न लगाती थी वो! और जैसे जैसे समय भी बीते जा रहा था, वो बरबस मेरी तरफ ...

2 years ago
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RE: वर्ष २०१३ त्रैरात्रिक-वधु!!

और इसके बाद, संसर्ग आरम्भ हो गया! इस बार संसर्ग में, कुछ अधिक तेजी से बरती थी उसने! खैर, दूसरे चरण की भी आज रात्रि की साधना, उसके स्खलन के साथ ही, पूर...

2 years ago
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RE: वर्ष २०१३ पूर्वांचल के एक स्थान की घटना!

उसने नेत्र बंद कर लिए थे अपने! अलख का प्रकाश, उसकी उठती, भड़भड़ाती लौ, टकरा जाती थी उस वृद्ध औघड़ से! उस कद, विशाल, देह दुरुस्त एवं, आत्मविश्वास तो जैसे ...

2 years ago
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RE: वर्ष २०१३ त्रैरात्रिक-वधु!!

"परन्तु...." बोलते बोलते, पहले खांसी हल्का सा, फिर मुझे देखा, थूक गटका और फिर से नज़रें नीचे कर लीं!"परन्तु क्या?" पूछा मैंने,"कोई मार्गदर्शन...?" बोली...

2 years ago
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RE: वर्ष २०१३ पूर्वांचल के एक स्थान की घटना!

और कुछ ही क्षणों में, चीत्कार मचाते हुए वे चारों मुंड चले आये उधर ही! ऊपर से नीचे! द्रुत-गति से! नीचे आते ही, वे अलग अलग हो ये! मुंह फाड़े, गोल-गोल चक्...

2 years ago
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