श्रीशः उपदंडक
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@1008
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RE: वर्ष २०११ अजमेर के पास की एक घटना

अरे नहीं” उसने गर्दन हिला कर कहा, “तुम तो ले ही नहीं रहे?” मैंने पूछा, “सरदार के साथ लूँगा!” उसने कहा, ”अच्छा!” मैंने कहा, अब सरदार खड़ा हुआ! ...

1 year ago
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RE: वर्ष २०११ अजमेर के पास की एक घटना

मित्रगण! जब आप ऐसी किसी केहफ़ील में हों, और आपको पता ही न हो कि ये प्रेतों की महफ़िल है, आप नहीं पता लगा सकते! वे जीवित होते हैं, उनको छुओगे तो स्पष्ट र...

1 year ago
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RE: वर्ष २०११ अजमेर के पास की एक घटना

सभी वाह वाह कर उठे! मैंने वैसे सिक्के पहली बार देखे थे, शायद खुद ही ढाले गये थे! कम से कम बीस किलो तो होंगे ही! फिर उसके सामान को भर दिया गया वापिस ...

1 year ago
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RE: वर्ष २०११ अजमेर के पास की एक घटना

“लो?” उसने फिर से कहा, मेवे दिए मुझे, मैंने लिए, शर्मा जी ने भी लिए, फिर मैंने बचा हुआ गिलास भी खाली कर दिया! टक्कर लगी! डकार आयी! लेकिन...

1 year ago
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RE: वर्ष २०११ अजमेर के पास की एक घटना

अब मदिरा टक्कर मारने वाली थी, थोड़ी ही देर में! फिर से ताली बजी! मैंने वहीँ देखा, एक ने एक पोटली दी, उस तसले में रख दी गयी! खोला गया, टन्न ...

1 year ago
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RE: वर्ष २०११ अजमेर के पास की एक घटना

अथाह दौलत! सोना! चांदी! बर्तन! मूर्तियां! एक छोटा झूला! सोने की छड़ें! कहीं मोटा हाथ मारा था उन डाकुओं ने! सभी अवाक रह गए! सभी एक एक सामान देखने ...

1 year ago
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RE: वर्ष २०११ अजमेर के पास की एक घटना

कसरती जिस्म! कम से कम सात फीट का! घोड़े जैसी देह उसकी! “अच्छा!” मैंने कहा, दरअसल ताली बैसा ने ही बजायी थी! “तो ये बैसा आपका सरदार है?” मैंने ...

1 year ago
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RE: वर्ष २०११ अजमेर के पास की एक घटना

ताली बज उठीं! अब समझा! ये तो नुमाइश लगी थी! अपनी अपनी लूट की! फिर उस आदमी ने वो सारा सामान उसी गठरी में डाल दिया, बाँध दिया और जिसकी थी, उसको ...

1 year ago
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RE: वर्ष २०११ अजमेर के पास की एक घटना

“बैठो” वो बोला, हम बैठ गए! हाथ लगा के देखा तो ये एक टाट सा था! सूती टाट, दरी सा! तभी मेरे सामने दो गिलास रखे गये! उनमे कुछ तरल परोसा गया! गं...

1 year ago
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RE: वर्ष २०११ अजमेर के पास की एक घटना

दस-पंद्रह मिनट बीते, हम आगे बढ़े, और तभी मुझे सामने कोई खड़ा दिखायी दिया! हम वहीँ चल पड़े! वहाँ पहुंचे! ये राम लुभाया था! “आओ” उसने कहा, हम...

1 year ago
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RE: वर्ष २०११ अजमेर के पास की एक घटना

उनके लिए मायने नहीं रखता! कहीं विश्राम किया, कहीं छिपे और कहीं सोये, इसी में कई बार सैंकड़ों वर्ष बीत जाया करते हैं! ऐसा ही इनके साथ भी हुआ! इनकी मृत्य...

1 year ago
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RE: वर्ष २०११ अजमेर के पास की एक घटना

अब मैंने उनसे सेठ छेदी लाल के बारे में पूछा, कोई नहीं बता सका, कोई बूढा-बुज़ुर्ग मदद कर सकता था, पता करने पर पता चला कि वहाँ पड़ोस में हैं एक बाबा, करीब...

1 year ago
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RE: वर्ष २०११ अजमेर के पास की एक घटना

“बोलो?” मैंने कहा, “पकड़ लो सभी को!” वे बोले, “नहीं!” मैंने कहा, “क्यों नहीं?” वे बोले, “नहीं, यहाँ ज़ुबाँ दी है, मैंने भी और उन्होंने भी” वे बो...

1 year ago
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RE: वर्ष २०११ अजमेर के पास की एक घटना

“कहाँ है?” मैंने पूछा, “वहीँ जहां पहले मिले थे” वो बोला, “और मैं पहचानूँगा कैसे?” मैंने पूछा, “मैं वहीँ मिलूंगा” वो बोला, “ठीक है” मैंने कहा, ...

1 year ago
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RE: वर्ष २०११ अजमेर के पास की एक घटना

चलो, कोई तो मिला, जिसको पता है! “अच्छा, एक बात और?” मैंने कहा, “बोलो?” वो बोला, “उसको तंग नहीं करोगे अब” मैंने कहा, “नहीं करेंगे!” वो बोला, ...

1 year ago
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