Last seen: May 5, 2026
"अभी चलती हूँ, बाद में मिलूंगी" बोलीं वो,और नमस्कार कर, चली गयीं!उनकी दो पुत्रियां फिनलैंड में ब्याही हैं,एक पुत्र है, वो कनाडा में डॉक्टर है,सिलाइच स...
वो हो गया ओझल! चला गया था वहाँ से! लेकिन हमें उठा ले गया था अपने वक़्त में! यही तो होता है, जब भूतकाल, वर्त्तमान काल से मिलता है!"बेचारा!" बोले शर्मा ज...
और वो, कोचवान, हो गया ओझल! ये सब इतनी तेज हुआ था की अंदाजा भी न लगा सका था! लेकिन एक बात हुई थी! इस बार मैंने उसको देख लिया था! वो साढ़े छह या सात फ़ीट ...
हम आ गए अपने कक्ष में!छोटा सा, लेकिन बेहद ही सुंदर स्थान है वो!अंदर एक छोटा सा तालाब भी है,तालाब में छोटी मछलियाँ पाली हुईं हैं,बत्तखें हैं, कुछ अन्य ...
पल पल धड़कनें बढ़ती जा रही थीं! कोई आ तो रहा था, लेकिन अँधेरा ऐसा था कि कुछ दीख नहीं रहा था सामने! कुछ खरड़-खरड़ की आवाज़ें तो आ रही थीं, और जो कोई आ रहा थ...
फिर हुई शाम! शाम के कुछ देर बाद ही, भोजन भी कर लिया, कुछ देर आराम किया, फिर रहीम ने, जोड़ ली बुग्घी, डाला समान उसमे, एक चारपाई, एक फोल्डिंग-पलंग, खेस औ...
हवेलिया? वहां शायद ही कहीं लगा हो हवेलिया! वहां तो कीकर महाराज का एकछत्र शासन है! या भटकटैया झाड़ियों का! ज़मीन पर, गोखरू का फ़र्श बिछा है! हवेलिया तो नह...
मैं वहीं रुका रहा आधा घंटा कम से कम! और तब, एक एक करके, वे नौ के नौ वहाँ आते चले गए, सभी के सभी किसी न किसी चोट या दुर्घटना के शिकार ही थे, सभी के सभी...
"मत घबरा नुपुर!" कहा मैंने,वो हैरत से मुझे देखती रही!"हाँ, अब और नही!" कहा मैंने,"क्या और नहीं?" पूछा उसने,"अब चिंता न कर!" कहा मैंने,"नहीं समझ आ रहा ...
"यहां तो पोखर है!" कहा मैंने,"हाँ, और कुछ नहीं!" शर्मा जी बोले,"चलो फिर, वापिस चलें!" कहा मैंने,"वो देखना?" बोले शर्मा जी,"क्या है?" पूछा मैंने,"पानी ...
"तुझे हाफुरों से क्या डर?'' पूछा मैंने,"ले गए वो, ले गए!" बोली वो,"किसको ले गए?" पूछा मैंने,"बहुत गए यहां से!" बोली वो,"तेरा मतलब, हाफुर ले गए बहुतों ...
एक एक क़दम चलना दूभर हो रहा था! एक तो गर्मी, पानी था नहीं, ऊपर से चटक धूप! देह में जैसे पानी की कमी होने लगी थी!"रहीम?" बोला मै,"हाँ जी?" बोला वो,"पानी...
मैं जैसे ही पीछे पलटा, उसकी देह नज़र आई, मुझ पर हमला करने ही वाली थी, कि जैसे ही मेरी नज़र उस से मिली वो जा छिटकी दूर! हो गयी खड़ी उधर! दीवार की ओट में!"...
तो जी, रात बीत गयी, खाया-पिया और सो गए! मच्छर बहुत थे, कोइल जला ली थी, नहीं तो सारी रात, नाम, अता-पता पूछते रहते! उठा के ही ले जाते! खारे पानी के मच्छ...
