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पावन प्रेम! और अपनी बलशाली भुजाओं में एक गांधर्व ने एक मिट्टी की गुड़िया समान एक मानव-स्त्री को! प्रेम में ऐसा ही होता है! विशुद्ध प्रेम! व...
बैठ गयी वहाँ! अभी मध्यान्ह होने में समय बाकी था! लेकिन उसने राह तकी! राह को देखा! और मुख से बोली "विपुल" और नेत्र बंद किये! उसको तभी थाम क...
कोई आकर उसको सजा गया था! आभूषणों से सुसज्जित! केशों में महीन कतार पुष्पमालाओं की! साक्षात जैसे कोई गान्धर्व कन्या! अद्वित्य मुख-मंडल! अलौकिक...
अब चुप वो! कोई उत्तर नहीं! कोई उत्तर होगा तो देगी ना! "जवाब दे बेटी?" अब माँ ने पूछा, चुप वो! थक हारकर उठ गए पिता जी! माता जी भी उन्हें दे...
"इथि?" दुबारा आवाज़ दी. न उठी! अब इथि की माँ को बुलवाया, उन्होंने झकझोर के उठाया, सामने पिता जी को देख, शांत सी पड़ी इथि संयत हो गयी! बैठ गयी! ...
हैरान! बाबा कहाँ है? उन्होंने प्रतीक्षा की बाबा की! अब न बाबा आया न चेले! और न ही वो ओझा! उनका तो पत्ता ही साफ़ हो गया! कुछ समझ न आया तो इथि ...
कैसे समझाए! कैसे समझाए उस प्रेमान्ध को! "इथि, अभी उपयुक्त समय नहीं, मैं स्व्यं आपको कुछ बताऊंगा" कहा विपुल ने! इथि चुप! "इथि, अब घर जाओ" विपुल...
अधिकाँश पाठकों ने सोचा होगा कि विपुल का मिलन हो गया इथि से! उसको अंक में जो भर लिया था, परन्तु ऐसा है नहीं! विपुल ने इथि की मनोदशा को भांप लिया था, वो...
विपुल के रहते भय! असम्भव! अभी उनका वार्तालाप चल ही रहा था कि बीच में झाड़ियों के पीछे छिपा बाबा आ गया सामने! "कौन है तू?" बाबा ने पूछा, विपुल न...
ये तो साक्षात देव लगते हैं! देव कुमार! अरे बाबा! जब इथि अपने प्रेमी गांधर्व के अंक में भरी हो तो कौन सी शक्ति उन्हें पृथक कर सकती है? सोच बाबा...
बस, अपनी एक बाजू से अंक में भर लिया इथि को! उफ़! शब्द नहीं हैं मेरे पास! वर्णन नहीं कर सकता! आपसे प्रार्थना करता हूँ, उस लम्हे हो खुद ही जिये...
आज विलम्ब अधिक लग रहा था! स्वाभाविक भी था! कल का मध्यान्ह रिक्त गया था! इसी कारण से आज विलम्ब लग रहा था! मार्ग के बीच में आयी इथि! दूर उसे दिखायी ...
एक एक भारी पल! और मित्रगण! हुआ मध्यान्ह! प्रेम बावरी भाग छूटी घर से! कमान से तीर की तरह! वो आगे आगे! और बाबा उसके पीछे पीछे, चेलों संग! ...
सो गये सभी! भोर हुई! क्रिया असफल! बताया गया इथि के माँ बाप को इस बारे में! सभी सन्न! भयाक्रांत! "अब क्या होगा बाबा?" पिता ने पूछा, "कुछ नह...
कुछ भी नहीं! "कौन है? मेरे कार्य में बाधा डालने वाले तू कौन है?" बाबा चिल्लाया! कोई उत्तर नहीं! अब बाबा परेशान! क्या करे और क्या न करें! "ठी...
