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हम वहाँ से उठकर अब चबूतरों की तरफ चले! वहाँ तो भीड़ लग गयी थी! सभी ने पलटके हमारी तरफ देखा, जगाल, कंडाल और कड़िया वहीं खड़े थे, कड़िया ने एक लम्बे-...
"कोई बात नहीं, मेरे पास वो दो डिब्बियां हैं, देखते हैं वो उसके किस काम की हैं।" मैंने बताया, "हाँ हाँ! वो डिब्बियां अवश्य ही काम की होंगी. ये तो मै...
और फिर १८वा दिन आ गए! मैं शर्मा जी के साथ वहाँ पहुँच गया था, सीधे खेतों पर ही, अभिनव और राजेश वहीं मिल गए थे! घबराहट उनके चेहरों पर साफ झलक रही थी! ...
अब रहा सिद्धा! सिद्धा भी एक तांत्रिक था और अपना डेरा अलग ही रखता था, उसके डेरे में १२१ लोग थे, उसके ९ बीतियां थीं ये सिद्धा कमी खेड़ी के हाथ नहीं आया ...
"हाँ कोई सम्बन्ध तो है ही!" मैंने भी कहा, "तो बताइये, कहाँ चलना है? पेहोवा?" उन्होंने पूछा, "हाँ, जाना ही पड़ेगा, लगता है, वहाँ कौणिक मलंग से बा...
मैंने अभिनव और राजेश से कुछ नहीं कहा, सामान वापिस उतारा और बैग में रख कर सो गया! अगली सुबह उठा, तो थोडा और आगे जाने की सोची, मैं और शर्मा जी थोडा औ...
"सुनो! मुझे ये बताओ ये उदाली कौन है?" मैंने पूछा, उसने जैसे ही उदाली का नाम सुना, वो डर गयी! घबरा गयी! लेकिन बोली कुछ नहीं! "मुझो बताओ ये उदाली ...
"यहीं राजेश के यहाँ रुक जाते हैं हम लोग, अभिनव और राजेश भी यहीं रुक जाएँगे, मैं कह दूंगा" उन्होंने सुझाव दिया, सुझाव अच्छा था, सो हम वहीं रुक गए, अभिन...
तभी खेत में बैठे कुते एक ही दिशा में मुंह उठा के रोने लगे! एक साथ! मैंने वहीं देखा! कुछ दिखाई दिया! मैंने शर्मा जी को अपने साथ लिया और उसी तरफ चल पड़ा...
"नहीं ये ज़मीन हमारी है. अभी बालक सोरहे हैं, भाग जा, काट डालेंगे तुझे और इसे, जा भाग जा यहाँ से" उसने आँखें लाल करके कहा, "तो आने दे बालकों को भी, ...
दिखाई दिया! हम आगे बढे उसी कि तरफ, तो कुंडली मारे बैठा था! हम और आगे बढे, सांप ने फुफकारा! हम नहीं रुके हम आगे बढ़े और एक जगह रुक गए! सांप की कुंडली म...
"सपने में कटेसर देखे अभिनव ने. इसका मतलब ये कड़ी चेतावनी ही है उसको" मैंने कहा, "हाँ, सही बात है!" वो बोले, "अब देखते हैं, क्या ओर-छोर हैं इसका!...
पहुँच गया" अभिनव जे कहा, "देखि, मैं इस विषय में और जांच करना चाहता हुँ, निश्चित रहिये, जो मैं कर सकता हुँ, अवश्य ही करूँगा" मैंने कहा, उसके बाद ...
अगर न हटा तो बिन मौत मारा जाएगा तू और तेरा वो मालिक! उसका लड़का भी! समझा जा! अभी समय हैं, तुझे बताने भेजा, सो मैं आ गयी, जा, भाग जा, बता अपने मालिक को...
